विश्वविद्यालय पहुंचे कुलाधिपति सुरेंद्र कुमार आर्य, यूनिवर्सिटी के विकास के लिए 51 लाख रुपये देने की घोषणा की
ब्यूरो
Posted no : 18/09/2026
हरिद्वार।
गुरुकुल कांगड़ी समविश्वविद्यालय के विश्वविद्यालय सभागार में कुलाधिपति सुरेंद्र कुमार आर्य के अभिनंदन समारोह का आयोजन किया गया। पहली बार विश्वविद्यालय पहुंचे कुलाधिपति ने विश्वविद्यालय के विकास के लिए 51 लाख रुपये देने की घोषणा की।
उन्होंने कहा कि गुरुकुल कांगड़ी की गौरवशाली परंपरा को संरक्षित रखते हुए इसे आधुनिक ज्ञान-विज्ञान, शोध और तकनीक से जोड़कर नई दिशा देने की आवश्यकता है। सुरेंद्र कुमार आर्य ने कहा कि भारतीय ज्ञान परंपरा, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और शोध के समन्वय से विश्वविद्यालय को आगे बढ़ाया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि गुरुकुल कांगड़ी राष्ट्रभक्त नागरिकों के निर्माण की परंपरा वाली संस्था है। नवाचार, शोध और अनुशासन इसकी विशिष्ट पहचान रहे हैं, जिन्हें बदलते शैक्षिक एवं तकनीकी परिवेश के अनुरूप आगे बढ़ाना होगा। उन्होंने एलुमनी नेटवर्क को मजबूत करने के लिए विश्वविद्यालय को नि:शुल्क प्रोफेशनल कंसल्टेंसी उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। इससे पूर्व छात्रों की विशेषज्ञता, अनुभव और संसाधनों को विश्वविद्यालय के विकास से जोड़ा जाएगा।
कुलपति प्रो. प्रतिभा मेहता लूथरा ने स्वागत भाषण दिया। कार्यक्रम का संचालन कुलसचिव प्रो. सत्यदेव निगमालंकार ने किया। कार्यक्रम से पूर्व डॉ. दीनदयाल एवं डॉ. वेदव्रत के ब्रह्मत्व में यज्ञ संपन्न हुआ।
समारोह में दिल्ली, हरियाणा और पंजाब आर्य प्रतिनिधि सभाओं के पदाधिकारियों ने कुलाधिपति का अभिनंदन किया। दिल्ली आर्य प्रतिनिधि सभा के प्रधान धर्मपाल आर्य, हरियाणा आर्य प्रतिनिधि सभा के प्रधान धर्मवीर सिंह और पंजाब आर्य प्रतिनिधि सभा के प्रधान सुदर्शन शर्मा ने कहा कि तीनों सभाएं मिलकर गुरुकुल कांगड़ी के उत्थान में सहयोग करेंगी। कुलाधिपति के मार्गदर्शन में विश्वविद्यालय को स्वामी श्रद्धानंद के आदर्शों के अनुरूप वैदिक ज्ञान परंपरा का आधुनिक केंद्र बनाने के लिए सामूहिक प्रयास किए जाएंगे।
