हरिद्वार।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में सोमवार को हरिद्वार स्थित मेला नियंत्रण भवन में प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक आयोजित की गई। बैठक में राज्य के विकास, आधारभूत ढांचे के सुदृढ़ीकरण, प्रशासनिक सुधार और जनकल्याण से जुड़े 13 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सरकार प्रमुख के रूप में 25 वर्ष पूरे होने पर धन्यवाद प्रस्ताव पारित कर उत्तराखंड के विकास में केंद्र सरकार के सहयोग के लिए आभार जताया।
बैठक में ऋषिकुल स्थित मदन मोहन मालवीय प्राच्य शोध संस्थान के विकास के लिए सोसायटी गठन को सैद्धांतिक मंजूरी दी गई। निवेश और आधारभूत संरचना से संबंधित अधिनियम में संशोधन, जन विश्वास संशोधन विधेयक तथा बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण नियमावली को भी स्वीकृति मिली। अग्निशमन एवं आपात सेवा विधेयक को विधानसभा में प्रस्तुत करने का निर्णय लिया गया।
सेवामुक्त अग्निवीरों को समूह ‘ग’ के वर्दीधारी पदों पर भर्ती में राहत देने के लिए नई नियमावली मंजूर की गई। इसके अलावा स्वजल एवं राज्य जल एवं स्वच्छता मिशन के 215 पदों की निरंतरता, हरिद्वार में किफायती आवासीय परियोजना के पहुंच मार्ग में शिथिलता और मुख्यमंत्री राज्य बाल वीरता पुरस्कार योजना को भी मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल ने विधानसभा के तृतीय सत्र को आहूत करने के लिए मुख्यमंत्री को अधिकृत किया।
कैबिनेट के 13 प्रमुख निर्णय
1. केंद्र सरकार का आभार: उत्तराखंड के विकास में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत सरकार के निरंतर सहयोग के लिए धन्यवाद प्रस्ताव पारित किया गया।
2. प्राच्य शोध संस्थान का विकास: हरिद्वार के ऋषिकुल स्थित मदन मोहन मालवीय प्राच्य शोध संस्थान के विकास के लिए सोसायटी गठन को सैद्धांतिक मंजूरी दी गई।
3. निवेश एवं आधारभूत संरचना अधिनियम: परिसंपत्तियों के विनिवेश एवं मुद्रीकरण से प्राप्त आय का 92 प्रतिशत संबंधित सार्वजनिक अभिकरणों को देने के प्रावधान को मंजूरी मिली।
4. जन विश्वास संशोधन विधेयक: द्वितीय उत्तराखंड जन विश्वास संशोधन विधेयक, 2026 को विधानसभा में प्रस्तुत करने की स्वीकृति दी गई।
5. बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण नियमावली: बाढ़ संभावित क्षेत्रों में भूमि उपयोग एवं विकास गतिविधियों को नियंत्रित करने के लिए नियमावली, 2026 मंजूर की गई।
6. विधानसभा सत्र: पंचम विधानसभा के वर्ष 2026 के तृतीय सत्र को आहूत करने की मंजूरी दी गई। तिथि और स्थान तय करने के लिए मुख्यमंत्री अधिकृत किए गए।
7. अग्निशमन एवं आपात सेवा विधेयक: अग्निशमन सेवाओं को प्रभावी बनाने के लिए उत्तराखंड अग्निशमन एवं आपात सेवा विधेयक, 2026 को विधानसभा में प्रस्तुत करने की मंजूरी दी गई।
8. अग्निवीरों को भर्ती में राहत: सेवामुक्त अग्निवीरों के लिए समूह ‘ग’ के सीधी भर्ती वाले वर्दीधारी पदों पर क्षैतिज आरक्षण संबंधी नई नियमावली, 2026 को मंजूरी दी गई। इसमें लिखित परीक्षा एवं शारीरिक मानक परीक्षा में छूट के प्रावधान शामिल हैं।
9. संस्कृति विभाग में संशोधन: वित्तीय अधिकारों से संबंधित व्यवस्था में संशोधन कर विभागाध्यक्ष के रूप में महानिदेशक, संस्कृति निदेशालय को प्रतिस्थापित करने की मंजूरी दी गई।
10. 215 पदों की निरंतरता: स्वजल के 189 और राज्य जल एवं स्वच्छता मिशन के 26 पदों की निरंतरता 1 मार्च 2026 से 28 फरवरी 2027 तक बढ़ाई गई।
11. किफायती आवासीय परियोजना: हरिद्वार की भगवानपुर तहसील के सिसौना गांव में प्रस्तावित आवासीय परियोजना के लिए पहुंच मार्ग की न्यूनतम चौड़ाई में तीन मीटर की शिथिलता दी गई। उपलब्ध मार्ग की चौड़ाई छह मीटर स्वीकार की गई।
12. भू-उपयोग संबंधी त्रुटि सुधार: ऊधमसिंह नगर की बाजपुर तहसील के भौना इस्लामनगर गांव में 24,280 वर्गमीटर भूमि के भू-उपयोग परिवर्तन संबंधी शासनादेश में खसरा संख्या की त्रुटि सुधार को मंजूरी दी गई।
13. मुख्यमंत्री राज्य बाल वीरता पुरस्कार योजना: असाधारण साहस, पराक्रम, मानवीय संवेदना और विपरीत परिस्थितियों में वीरता दिखाने वाले बच्चों को सम्मानित करने के लिए योजना को मंजूरी दी गई।
